
मेरे बचपन को याद नही है वो मैदान,
जहाँ मैं पतंग उडाने की कोशिश किया करता था,
और
साथ में माँ भी होती थी......................
मेरे बचपन को याद नही है वो मैदान।
पर
वो मैदान अब भी है,
उसी जगह,
लेकिन!
अब माँ नही है॥
महफूज़ अली
बाहर से हँसी की आवाज़ ,
और
बर्तनों के खटपट की आवाज़ भी आती रहती है,
बहन की बचकानी हँसी,
कलकल बहते झरने की तरह,
और
माँ की आवाज़ भी बीच-बीच में सुनायी देती है॥
महफूज़ अली।
हमारे हिंदुस्तान में जब भी हड़ताल होती है, तो मजदूर काम करना बंद कर देते हैं , जिससे काफ़ी अर्थ और आर्थिक नुक्सान होता है पर क्या आप जानते हैं? जापान एक ऐसा देश है जहाँ हड़ताल करने का अनोखा तरीका है, वहां पे मजदूर काम करते हैं पूरे हड़ताल के दौरान पर जो भी काम करते हैं वो अधुरा करते हैं। अगर जूते बनाने की फैक्ट्री है तो एक पैर का ही जूता बनायेंगे, नट-बोल्ट बनाने की फैक्ट्री है तो सिर्फ़ बोल्ट ही बनायेंगे...... ऐसे ही हर चीज़ आधी-अधूरी बनायेंगे..... है न अनोखा तरीका हड़ताल करने का.......???????????
महफूज़ अली